मेरी पहचान अभी बाकि है -२०
हर पल रहो करते अपमान मेरा
अंत तेरी दृष्टि में पूरा सम्मान मेरा
मान नहीं मेरा, सम्मान तेरा कैसा
कुछ मैं न बोलू तो अपमान कैसा
मान तेरा करता तुम अपमान बोलो
जहर ही बिखेरो जब भी मुँह खोलो
मौन हो के सुनु मैं तेरी बातें क्योकि
मेरा दंडविधान अभी बाकि है
मेरी पहचान अभी बाकि है